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QR Code Fraud Kya Hai : क्यूआर फ्रॉड से कैसे बचे। 

बैंक कर्मचारी बनकर या फिर किसी कंपनी का अधिकारी बनकर लोगों को अपने जाल मे फसाकर उनके खाते खाली करना आम हो चुका है। लोगों को इस प्रकार के फ्रॉड के बारे मे जानकारी हो चुकी है।  

लेकिन जिस प्रकार डिजिट टेक्नोलॉजी की दुनिया बहुत बड़ी है।  ठीक उसी प्रकार इसमे ऑनलाइन तरीके से फ्रॉड करने के भी अनेकों तरीके है। जो जिनका इस्तेमाल हेकर्स समय के साथ करते रहते है।  जिनके जब फ्रॉड करने का कोई भी तरीका नया नया होता है, तो उसके शिकार ज्यादातर यूजर होते रहते है। इसका कारण है उन्हे इसके बारे मे जानकारी नहीं होती है।  

आजकल एक ऐसे ही ऑनलाइन फ्रॉड का तरीका अभी वर्तमान मे ट्रेंड मे ही जिसका जमकर लोग शिकार हो रहे है।  ये है क्यूआर कोड ऑनलाइन फ्रॉड इस प्रकार के फ्रॉड का शिकार दिल्ली के वर्तमानसीएम अरविंद केजरीवाल की बेटी हर्षिता केजरीवाल भी हो चुकी है।  

इसलिए जरूरी है कि इससे पहले कि अपके साथ या किसी भी यूजर के साथ इस प्रकार के फ्रॉड की घटना घाटे तो इसके बारे मे जाने ले।  

इस लेख मे हम आपको इसी फ्रॉड के बारे मे विस्तार से जानकारी देने वाले है। कि क्यूआर कोड फ्रॉड क्या है। QR Code fraud kya hai ऑनलाइन फ्रॉड क्या है online frod kya hai क्यूआर फ्रॉड से कैसे बचे। QR Code fraud se kaise bache

QR Code Fraud Kya Hai

ऑनलाइन पेमेंट करने के तरीके से लोगों के बेंक संबंधी प्रक्रिया को पूरी तरह से आसान बना दिया है।  इससे अपके मोबाइल मे ही एक तरह का बेंक मौजूद रहता है।  अब आप जब चाहे शॉपिंग कर सकते है या फिर किसी प्रकार का रिचार्ज कर सकते हो।  

लेकिन मोबाइल मे डिजिटल बेंक रखना आसान नहीं होता है।  इस पर हेकर्स की नजर लगी रहती है। उन्हे जब भी मौका मिलता है, ये खाते को खाली करने से नहीं चूकते।  

जिस क्यूआर कोड कोड की मदद से आप बेंक संबंधी लेन देन करते हो, क्या आप जानते है कि इसी क्यू आर कोड के माध्यम से हेकर्स आपको अपने जाल मे फसा सकते है। इसका आपको पता भी नहीं चलेगा।  इसलिए जरूरी है कि QR Code का इस्तेमाल करते समय आपको काफी सावधानी रखनी होगी ताकि आप अपने बेंक खाते की सुरक्षा कर सको और ऑनलाइन फ्रॉड से बच सको।  

QR कोड क्या है ?

क्यूआर कोड QR Code की शुरुआत एक जापानी कंपनी डेन्सी वेव ने की थी जिसने पेमेंट करने के तरीके को और भी आसान बना दिया है।  ये एक तरह से बारकोड की तरह दिखाई देता है। जिसे केवल मशीन से ही पढ़ा जा सकता है।  

क्यूआर कोड बार की तरह का कोड होता है, जिसमे आपको किसी भी प्रकार के नंबर , संख्या या फिर वर्ड नहीं दिखाई देते है, बल्कि आपको एक ब्लेक एंड व्हाइट लाइनिंग वाला बॉक्स दिखाई डेटा है। ये बॉक्स एक तरह से किसी लिंक का पाथ होता है। जिसे क्यू आर कोड का नाम दिया गया है।  

इस कोड के अंदर यूजर के अनुसार कुछ एनक्रिप्टेड इनफॉर्मेशन छुपी रहती है।  जैसे कि मोबाइल नंबर , वेब लिंक , ऐप लिंक यूपीआई 

जब भी कोई दूसरा यूजर इस कोड को स्कैन करता है, तो एक बॉक्स के रूप मे दिखाई देना वाला कोड किसी इंफोरनेशन के रूप मे अपके सामने ओपन हो जाता है।  

उदाहरण के तौर पर 

अगर आप अगर यूपीआई या फिर किसी मनी वालेट के जरिए पेमेंट करना चाहते है, तो अपके पास दो तरह से पेमेंट करने के ऑप्शन होते है, पहला ऑप्शन है मोबाइल मनी वालेट नंबर फिल करना दूसरा ऑप्शन होता है, फोन मे दिया हुआ क्यू आर कोड स्कैन करना, जिसे स्कैन करने के बाद नंबर खुद ही औटोमेटिक आ जायेगा, इसमे टाइपिंग मिसटेक होने का खतरा भी कम रहता है। जिससे यह पेमेंट करने का एक सुरक्षित तरीका माना जाता है । 

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इस क्यू आर कोड वाले बॉक्स को आपने अलग अलग स्थानों पर भी देखा होगा। क्यूआर कोड का इस्तेमाल ग्राहक बिजली, पानी, पेट्रोल, डीजल, किराना सामान, इत्यादि का भुगतान करने के लिए करते है।  

ठगी कैसे होती है?

QR Code ने ऑनलाइन पेमेंट को जितना आसान बना दिया है, लेकिन यह तकनीक अब उतनी ही खतरनाक होती जा रही है।  जिसके कारण लोग क्यू आर कोड के जरिए फ्रॉड का शिकार हो रहे है।  अब हम आपको कुछ ऐसी बाते बता रहे है।  जिनके माध्यम से अपके साथ क्यू आर कोड के जरिए ठगी हो सकती है।  

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क्यूआर कोड के माध्यम से होने वाली ठगी के मामले तब ज्यादा सामने आ रहे है जब किसी यूजर को किसी प्रसन के पेमेंट लेनी होती है 

पहला तरीका 

आगर आप किसी ऑनलाइन साइट जैसे कि ओएलएक्स ईबे के जरिए  पर अपना किसी भी प्रकार का प्रोडक्ट सेल कर रहे है। तो ऐसे प्रोडक्ट पर फ्रॉड करने वाले स्कैमर की नजर होती है , वे उस प्रोडक्ट को देखते ही तुरंत प्रोडक्ट को खरीदने के लिए काल करते है।  वे आपसे बातचीत करते है और आपका प्रोडक्ट खरीदने के लिए तैयार भी हो जाते है। 

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आपको उनकी बातों पर पूरा यकीन हो जाए इसलिए वे आपके मोबाइल वालेट मे कुछ धनराशि ब्याने के तौर पर भेज देते है जैसे कि 100, 200, 500 या फिर 1000 रुपये तक , इस प्रकार आपको लगने लगता है।  वे आपका प्रोडक्ट खरीदने के लिए पूरी तरह से तैयार है। 

अब वे प्रोडक्ट की बची हुई राशि भेजने का बहाना बनाते हुए आपके पास एक क्यू आर कोड भेजते है , वे आपको कहते है कि बस आपको इस क्यूआर कोड को अपने मनी वालेट से स्कैन करना है इस प्रकार आपको बची हुई राशि भी  प्राप्त हो जायेगी। 

लेकिन ऐसा कुछ नहीं होता है।  आप जैसे ही उस क्यू आर कोड को अपने मनी वालेट से स्कैन करते हो तो, आप उनके जाल मे फस जाते हो और आप अपना खाता खाली करवा लेते हो।  

दूसरा तरीका 

स्कैमर्स क्यूआर कोड के जरिए लोगों को अपने जाल मे फ़साने के लिए कुछ लुभावने ऑफर्स या लाटरी वाले टेक्स्ट मेसेज भेजता है, जैसे कि आपको इस कंपनी की तरफ से मिला है।  इतने हजार रुपये जा ऑफर्स, या आपकी निकली लाटरी, या फिर आकर्षक इनाम जीतने के लिए ये काम करे इत्यादि।  

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इस प्रकार के लुभावने मेसेज के साथ स्कैमर एक क्यू आर कोड भी भेजते है।  जिसमे बताया जाता है, कि अगर आप इन ऑफर्स का लाभ लेना  चाहते है या आकर्षक इनाम जीतना चाहते है, तो इस अपने मोबाइल वालेट से इस क्यू आर कोड को स्कैन करके, इसमे इनाम की राशि दर्ज करे और फिर अंत मे अपना पिन कोड फिल करके सबमिट कर दे।  इस प्रकार आप आप इनाम या ऑफर्स जीत सकते है।  

जो भी यूजर इनके बातों मे आकर इन स्टेप को फॉलो करता है। वो उनके जाल मे फस चुका होता है और अपना खाता खाली करवा लेता है। 

सोशल मीडिया से शेयर करते हैं QR कोड

सोशल मीडिया का इस्तेमाल सबसे ज्यादा यूजर करते है यही कारण है। स्कैमर की नजर सोशल मीडिया पर हमेशा बनी रहती है। स्कैमर लोगों को अपने जाल मे फ़साने के लिए सोशल मीडिया के अलग अलग प्लेटफ़ॉर्म के जरिए लोगों को अलग अलग प्रकार के लुभावने आकर्षित करने वाले ऑफर्स देते है। जिसके कारण बहुत से यूजर जानकारी न होने की वजह से लालच मे आ जाते है और इनके शिकंजे मे फस जाते है। 

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इस ऑफर्स के साथ एक क्यू आर कोड भी दिया होता है। जिसमे बताया होता है, कि आगर आप इस ऑफर्स का लाभ लेना चाहते है, तो क्यू आर कोड को स्कैन करने ऑफर्स मे दर्ज राशि फिल करके अपना मनी वालेट दर्ज करे। 

इतना करने के बाद लोगों के साथ उल्टा हो जाता है पैसे उनके खाते ,मे नहीं आते बल्कि खुद उनके खाते से पैसे कट जाते है इस प्रकार से लोग उनके जाल मे फस रहे है।  

ऐप को डाउनलोड करने को कहा जाता है

स्कैमर क्यूआर कोड के नाम पर किसी अनजान ऐप को लोगों को ज्यादा से ज्यादा डाउनलोड करने के लिए टारगेट करते है।  जब भी यूजर इन फेक क्यू आर कोड वाले ऐप  को अपने मोबाइल मे इंस्टाल कर लेते है, तो ऐसे मे अपके मोबाईल का एक्सेस स्कैमर के पास चला जाता है।  

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अब वे अपके मोबाइल को एक्सेस करके अपके बेंक खाते को खाली कर सकते है और आपका पर्सनल डेटा भी चुरा सकते है ,जैसे कि आपकी किसी के साथ पर्सनल फ़ोटो हो या वीडियो , या किसी भी प्रकार का दस्तावेज जिसके माध्यम से बाद मे आपको ब्लेकमैल भी किया जा सकता है।  

स्कैमर खुद को आर्मी ऑफिसर बताते हैं

कई बार स्कैमर लोगों को अपने जाल मे फ़साने के लिए खुद को आर्मी ऑफिसर या पुलिस अधिकारी बताते हुए किसी ऑनलाइन साइटस  के जरिए लोगों से समान खरीदने का बहाना बनाते है। ऐसे मे अगर आप उन्हे अपना सामान बेचने के लिए तैयार हो जाते है, तो अपके शुरुआत मे 100, 200 , 500 रुपये तक भेज देते है। 

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बाकी पेमेंट करने के लिए वे क्यू आर कोड भेजते है जिसमे बताया जाता है, कि आपको इस क्यू आर कोड को स्कैन करके अपने प्रोडक्ट की टोटल राशि फिल करनी है, जैसे ही आप इसमे राशि फिल करते है, आपका साथ उल्टा ही खेल हो जाता है। अपके खाते से ही पैसे कट जाते है।  

मेकअप आर्टिस्ट 

स्कैमर अलग अलग प्रकार की सर्विस लेने के नाम पर भी लोगों को अपने जाल मे फसा रहे है इसलिए अगर आप ऑनलाइन प्लेटफ़ॉर्म के जरिए सर्विस देते है , तो थोड़ा सावधान रहे । जैसे ई मेकअप आर्टिस्ट , जॉब ओपनिंग , लोन , इंसुरेन्स फोटोग्राफी , इत्यादि।  

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लोगों से सर्विस लेने के नाम पर स्कैमर उनका विश्वास जीतने के लिए उन्हे कुछ पैसे शुरुआत मे ही एडवांस मे भेज देते है और बाकी की पेमेंट उन्हे क्यू आर कोड से रिसीव करने के लिए कहते है। आज भी सर्विस देने के प्रसन उस क्यू आर कोड को स्कैन करके उसमे राशि फिल करते है।  तो यहा पर उनके साथ उल्टा खेल हो जाता है। उल्टा सर्विस देने वालों के अकाउंट से पैसे कटकर स्कैमर के खातों मे चले जाते है।  

कैस बरतें सावधानी

  • अगर कोई भी अनजान प्रसन आपको काल मेसेज या फिर ईमेल के जरिए क्यू आर कोड सेंड करके आपको लाटरी, आकर्षक लुभावने ऑफर्स देने की बात की जाती है।  तो आपको इस प्रकार के लालच मे नहीं आना है, नहीं तो आपको मिलने वाला तो कुछ है नहीं, उल्टा अपका अकाउंट ही खाली हो जायेगा।और बाद मे आपको पछताने के अलावा कुछ नहीं मिलेगा।  
  • अगर कोई अनजान प्रसन अपके पास काल करके यह बताता है कि आपकी इतने लाख की लाटरी निकली है, और आपको लाटरी की रकम अपने खाते मे ट्रांसफर करने के लिए कुछ स्टेप फॉलो करने होंगे ऐसे मे अगर आप उनकी बताई हुई बातों को सुनकर लालच मे आ जाते है और उनके द्वारा बताए गए स्टेप को फॉलो करते हो, तो आप उनके जाल मे फस चुके होते है। अब होगा ये आपको मिलने वाला तो कुछ नहीं हिय लेकिन आप अपना अकाउंट खाली जरूर करवा लेंगे।  
  • अगर कोई भी प्रसन अपके पास काल करके अपके बेंक , डेबिट या फिर क्रेडिट कार्ड  मे से किसी प्रकार की कमी बताकर अपसे कुछ इनफॉर्मेशन माँगता है तो ऐसे मे उन्हे किसी भी प्रकार की इनफॉर्मेशन मत दे नहीं तो आप फस गए स्कैमर के जाल मे 
  • अगर आप किसी भी जगह पर जैसे कि शॉपिंग करते समय पेट्रोल पंप पर, या फिर किसी भी जगह पर क्यू आर कोड से पेमेंट करते समय क्यू आर कोड को स्कैन करते समय थोड़ा अलर्ट रहे और उसमे पेमेंट डालने से पहले क्यू आर कोड की डीटेल चेक कर ले।  कई बार स्कैमर इन ओरिजनल क्यू आर कोड अपने फेक क्यू आर कोड से चेंज कर देते है।  
  • अगर आप क्यू आर कोड के जरिए  पेमेंट कर रहे है, तो एक बार पेमेंट करते समय उसका नाम जरूर कनफर्म कर ले जिसके पास पेमेंट भेज रहे है।  
  • मैसेज, सोशल मीडिया, ई-मेल से आने वाले किसी भी अनजान क्यू आर कोड को स्कैन न करे ये आपकी सुरक्षा के लिए खतरा हो सकता है।  
  • किसी भी क्यू आर कोड के बारे मे सही जानकारी पता लगाने के लिए डायरेक्ट क्यूआर कोड को मोबाइल के कैमरा से स्कैन न करे, बल्कि किसी अच्छी ऐप का इस्तेमाल करे ताकि आप क्यू आर कोड की डीटेल का पता लगा सको।  
  • अगर आपके साथ किसी भी प्रकार के फ्रॉड की शंका होती है या हो जाता है, तो इसकी जानकारी तुरंत अपने बेंक के दे और इसकी शिकायत साइबर सेल मे करे।  

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निष्कर्ष

इस लेख मे हमने आपको क्यू आर कोड फ्रॉड के बारे मे  बिल्कुल आसान भाषा मे समझाया है ताकि ज्यादा से ज्यादा यूजर्स के साथ इस प्रकार का फ्रॉड न हो इस लेख मे हमने आपको बताया है कि क्यूआर कोड फ्रॉड क्या है। QR Code fraud kya hai ऑनलाइन फ्रॉड क्या है online frod kya hai क्यूआर फ्रॉड से कैसे बचे। QR Code fraud se kaise bache

अगर आपको क्यू आर फ्रॉड या किसी भी प्रकार के ऑनलाइन फ्रॉड के बारे मे संदेह है, तो आप हमसे कमेन्ट के जरिए हमसे पूछ सकते है। इस जानकारी को ज्यादा से ज्यादा दूसरे यूजर्स के साथ शेयर करे ताकि उन्हे भी इस  फ्रॉड के बारे मे पता चल सके। धन्यवाद  

sharukh khan

मेरा नाम शाहरुख खान हैं। में पेशे से ब्लॉगर , कंटेन्ट राइटर और डिजिटल मार्केटर हूँ। मुझे टेक्नोलॉजी क्षेत्र के बारें में अच्छी समझ हैं इसलिए में tech be smart प्लेटफ़ॉर्म के जरिए आसान से आसान भाषा में दूसरे यूजर की समझने की कोशिश करता हूँ।

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